अररिया जिले के लिए एक अच्छी खबर आयी है, अररिया-गलगलिया रेल परियोजना पर हो रहे काम में फिर से तेजी आएगी। जिले में अब 9 स्टेशन बनने का प्रस्ताव पारित कर दिया गया है। डीएम प्रशांत कुमार सीएच की अध्यक्षता में शुक्रवार देर शाम आयोजित हुए इस बैठक में पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे कटिहार के अधिकारियों ने रैयतों के भुगतान से संबंधित अन्य मामलों की जानकारी प्रदान करी गयी है।

मिली जानकारी के अनुसार रेल अधिकारी ने डीएम को बताया कि जिले में 47.60 किलोमीटर रेल लाइन बनायीं जाएगी। उन्होंने यह आशंका जताई है कि खवासपुर से लक्ष्मीपुर बैजनाथपुर के बीच होने वाले भुगतान नहीं होने के कारण कार्य बाधित हो सकता है। इस रेल खंड पर अररिया कोर्ट, अररिया आरएस, रहमतपुर, बांसबाड़ी, खवासपुर, लक्ष्मीपुर, बरदाहा, कलियागंज व टेढ़ागाछी में रेलवे स्टेशन बनना भी है। इस मामले को गंभीरता से लेते हुए डीएम ने रैयतों के लंबित भुगतान के लिए संबंधित प्रखंडों में शिविर लगाने का और जिला भूअर्जन के पदाधिकारी वसीम अहमद को निर्देश दे दिया है।

NH -327 ई पर आरओबी निर्माण पर भी करी गयी चर्चा
बैठक में इंडो-नेपाल सीमा सड़क, अररिया-गलगलिया रेल लाइन परियोजना, NH – 327ई पर आरओबी निर्माण, NH – 57ए के चौड़ीकरण, परियोजना, NH – 327 ई का चौड़ीकरण, 52वीं वाहिनी एसएसबी के नियंत्रणाधीन बीओपी व बटालियन मुख्यालय के निर्माण परियोजना, 56वीं वाहिनी एसएसबी के नियंत्रणाधीन बीओपी निर्माण परियोजना, 45वीं वाहिनी एसएसबी के नियंत्रण में एक बीओपी निर्माण, महानंदा बेसिन के अंतर्गत रतवा नदी पर तटबंध निर्माण के साथ साथ परियोजना वार लंबित के कई मामलों की समीक्षा करी गयी है।

3 किलोमीटर तक सड़क का निर्माण भी लंबित है
इस बैठक में बताया गया कि कुआड़ी से भलवा तक 3 किलोमीटर तक सीमा सड़क का निर्माण कार्य भी लंबित है। इस पर डीएम के द्वारा वहा पर मौजूद सभी कार्य एजेंसी को कड़े निर्देश दिया कि अगले महीने तक इस सड़क का कार्य पूर्ण करे और इसे सुनिश्चित करें। इसके साथ ही कार्यपालक अभियंता पथ निर्माण को निर्देशित किया कि सिकटी सड़क के मरम्मत के कार्य के लिए एक टीम गठित करे और स्थलीय जांच कर इसे एक सप्ताह में प्रतिवेदन को समर्पित करना सुनिश्चित करें।